लोकेश्वर सिन्हा, गरियाबंद…… जिला के विकासखंड छुरा अंतर्गत ग्राम पंचायत पोंड़ में कुगदा बांध रोड में एक नीजि जमीन पर बड़े पैमाने पर रेत का अवैध भंडारण एवं बड़े-बड़े हाइवा वाहनों से खुलेआम परिवहन किए जाने का मामला सामने आया है। मौके पर भारी मात्रा में रेत का भंडारण दिखाई दे रहा है। आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से रेत का अवैध कारोबार संचालित हो रहा है, जिससे शासन को लाखों रुपये के खनिज राजस्व की क्षति होने की आशंका है।
इस मामले को लेकर भाजपा जिला उपाध्यक्ष प्रीतम सिन्हा, गरियाबंद ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि ग्राम पोंड़ में इतनी बड़ी मात्रा में रेत का भंडारण आखिर किसकी अनुमति से किया जा रहा है? क्या संबंधित कारोबारियों के पास वैध भंडारण अनुज्ञप्ति, रॉयल्टी एवं परिवहन के लिए ई-ट्रांजिट पास उपलब्ध हैं? यदि सभी दस्तावेज वैध हैं तो प्रशासन को इसकी स्थिति सार्वजनिक करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि जिला खनिज विभाग, राजस्व विभाग, परिवहन विभाग एवं पुलिस विभाग की जिम्मेदारी है कि खनिज संपदा के अवैध दोहन और परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण रखें। इसके बावजूद यदि क्षेत्र में खुलेआम रेत का भंडारण एवं हाइवा से परिवहन हो रहा है तो यह संबंधित विभागों की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
प्रीतम सिन्हा ने प्रशासन से मांग की है कि ग्राम पोंड़ में तत्काल संयुक्त जांच दल गठित कर रेत के भंडारण का भौतिक सत्यापन कराया जाए। रेत की वास्तविक मात्रा, भंडारण की अनुमति, रॉयल्टी, ई-ट्रांजिट पास, हाइवा वाहनों के दस्तावेज तथा अब तक किए गए परिवहन की विस्तृत जांच की जाए। साथ ही शासन को हुए राजस्व नुकसान का आकलन भी किया जाए।
उन्होंने कहा कि यदि जांच में अवैध रेत भंडारण एवं परिवहन की पुष्टि होती है तो संबंधित रेत कारोबारियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की मिलीभगत अथवा जानबूझकर लापरवाही सामने आती है तो उसके विरुद्ध भी विभागीय एवं वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
*प्रीतम सिन्हा ने स्पष्ट कहा कि शासन की खनिज संपदा किसी की निजी संपत्ति नहीं है। प्राकृतिक संसाधनों का अवैध दोहन और शासन के राजस्व को नुकसान पहुंचाने वालों के विरुद्ध निष्पक्ष जांच एवं कार्रवाई होनी चाहिए। प्रशासन इस मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई करे।*

