Black Listed : निर्माण में लापरवाही, 2 ठेकेदार ब्लैकलिस्टेड, 33 को नोटिस जारी

Raipur News : छत्तीसगढ़ स्टेट पावर कंपनीज के अध्यक्ष पी दयानंद ने आज विद्युत अधोसंरचना विकास से संबंधित कार्यों की समीक्षा की। जिन संस्थाओं द्वारा लंबे समय से कार्यों में लापरवाही की जा रही है और जिनके कारण निर्धारित समय सीमा में कार्य नहीं हो पा रहे हैं, ऐसी 2 संस्थाओं को तीन वर्षों की लिए ब्लैकलिस्टेड (Black Listed) किया गया।

एक संस्था के निवेदन पर उसे कार्य पूर्ण करने के लिए 3 माह का समय दिया गया यदि इस समयावधि में उन्होंने कार्य पूरा नहीं किया तो उन्हें भी ब्लैकलिस्टेड (Black Listed) कर दिया जाएगा। इसके अलावा 32 संस्थाओं को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। दयानंद ने कड़े तेवर दिखाते हुए चेतावनी दी कि विद्युत विकास कार्यों में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

आर.डी.एस.एस. योजना के अंतर्गत विकास कार्यों को जल्दी से जल्दी पूरा करने के लिए उन्होंने समस्त संस्थाओं के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने पी.एम. सूर्यघर बिजली योजना को लोकप्रिय तथा लोगों की पहुंच में लाने के लिए उठाए जाने वाले कदमों की जानकारी ली तथा इसके लिए विस्तृत कार्य योजना बनाने के निर्देश दिए।

उन्हें बताया गया कि 33/11 के.वी. उपकेंद्रों तथा लाइनों के निर्माण का कार्य संबंधित ठेकेदारों की लापरवाही के कारण पूरा नहीं हो पा रहे हंै। इसे देखते हुए जशपुर जिले के सोनक्यारी एवं कुडे़केला 33/11 केवी उपकेंद्र के निर्माण कार्य में कोताही के लिए जिम्मेदार संस्था मेसर्स एनकेजेए एंड डेवलपर्स इन्फ्रा रायपुर को तीन वर्षों के लिए ब्लैकलिस्टेड किया गया।

इनका कार्य 4 मार्च, 2024 तक पूर्ण हो जाना था लेकिन बहुत कम कार्य किया गया है। जशपुर जिले में अंकिरा से गंजियाडीह के बीच लाईन निर्माण के कार्य में लापरवाही करने वाले मेसर्स सुरेंद्र राठौर को भी ब्लैकलिस्टेड करते हुए उनकी अमानत राशि राजसात करने के निर्देश दिये गये।

इसी तरह सरगुजा जिले के चंगोरी 33/11 केवी उपकेंद्र का ठेका लेने वाली संस्था मेसर्स धनंजय कुमार तिवारी द्वारा 24 दिसम्बर 2023 को कार्य पूर्ण किया जाना था, उन्होंने मात्र 40 प्रतिशत काम किया है। इन्हें भी ब्लैकलिस्टेड किया जा रहा था लेकिन इन्होंने तीन माह का समय मांगा है। तीन माह में कार्य पूर्ण नहीं किये जाने पर इन्हें भी ब्लैकलिस्ट किया जायेगा।

दयानंद ने पीएम जनमन योजना के तहत 7 हजार 77 घरों में बिजली कनेक्शन देने का कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा है कि सरकार की योजनाएं व्यापक जनहित के लिए होती है। यदि उनका लाभ सही समय पर संबंधित क्षेत्र की जनता को नहीं मिल पाये तो यह लापरवाही वे बर्दाश्त नहीं कर सकते।