CG Flag Hoisting Schedule : छत्तीसगढ़ में 15 अगस्त का प्लान जारी! कहां होंगे झंडारोहण, किन जिलों में मंत्री होंगे शामिल? जानिए सब कुछ

Chhattisgarh News : छत्तीसगढ़ शासन ने स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त 2025 (CG Flag Hoisting Schedule) को पूरे प्रदेश में गरिमापूर्ण और प्रेरणादायक ढंग से मनाने का निर्णय लिया है। इस संबंध में राज्य शासन द्वारा सभी जिलों, विभागों, संस्थानों और शैक्षणिक परिसरों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं ताकि कार्यक्रम न केवल भव्य हो, बल्कि जन-संवेदनाओं से भी जुड़ा हो।

राजधानी रायपुर में मुख्य समारोह (CG Flag Hoisting Schedule) पुलिस परेड ग्राउंड में प्रातः 9 बजे आयोजित होगा, जिसमें मुख्यमंत्री ध्वजारोहण कर परेड की सलामी लेंगे और प्रदेश की जनता के नाम संदेश देंगे। इस समारोह में बीएसएफ, सीआरपीएफ, सीआईएसएफ, आईटीबीपी, एसएसबी, छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (पुरुष एवं महिला), नगर सेना, एनसीसी, और बैंड प्लाटून की टुकड़ियां सम्मिलित होंगी। मुख्यमंत्री द्वारा परेड के बाद शौर्य पदक अलंकरण किया जाएगा और आकाश में रंग-बिरंगे गुब्बारे छोड़े जाएंगे।

प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में शासन द्वारा नामित मंत्री ध्वजारोहण कर मुख्यमंत्री का संदेश पढ़ेंगे और स्थानीय परेड की सलामी लेंगे। वहीं जनपद पंचायतों, नगर पालिकाओं एवं ग्राम पंचायतों में उनके अध्यक्ष या सरपंच ध्वजारोहण करेंगे। स्कूली बच्चों द्वारा सांस्कृतिक, साहित्यिक, खेलकूद और वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

कलेक्टरों को दिए ये निर्देश CG Flag Hoisting Schedule

शासन ने यह भी निर्देश दिए हैं कि 15 अगस्त की रात प्रदेश के सभी शासकीय भवनों तथा राष्ट्रीय महत्व के स्मारकों को रोशनी से सजाया जाए, जिसका खर्च संबंधित विभाग स्वयं वहन करेंगे। जिला कलेक्टरों को कार्यक्रमों की समुचित निगरानी, अनुमति प्रक्रियाएं और लाउडस्पीकर के मर्यादित उपयोग के लिए स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। शासकीय कार्यालयों में मुख्य आयोजन से पूर्व ही ध्वजारोहण कर सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों की मुख्य समारोह में सहभागिता सुनिश्चित करने को कहा गया है।

शहीदों के परिजनों को किया जाएगा सम्मानित (CG Flag Hoisting Schedule)

 

विज्ञापनों में विशेष रूप से स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों एवं शहीदों को स्थान दिया जाएगा, जिनका प्रकाशन 15 अगस्त के दिन राज्य स्तर पर किया जाएगा। साथ ही यह भी निर्देश है कि नक्सली हिंसा में शहीद हुए जवानों के परिजनों को जिला स्तरीय आयोजनों में विशेष रूप से आमंत्रित कर सम्मान प्रदान किया जाए। राज्य शासन की मंशा है कि स्वतंत्रता दिवस केवल औपचारिकता न होकर जन-भागीदारी, श्रद्धांजलि और प्रेरणा का माध्यम बने — जिसमें छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक गरिमा, वीरता की परंपरा और समरसता का भाव पूर्ण रूप से परिलक्षित हो।